इंटरनेट डेस्क। केंद्रीय गृह मंत्री और भारतीय जनता पार्टी के नेता अमित शाह ने रविवार को कहा कि एनडीए अगले साल तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में सरकार बनाएगी। अमित शाह ने कहा कि तमिलनाडु के मुख्यमंत्री का यह कहना सही हो सकता है कि अमित शाह डीएमके को नहीं हरा सकते , लेकिन यह तमिलनाडु के लोग ही हैं जो बदलाव लाएंगे। मदुरै में पार्टी पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए शाह ने उन्हें दिल्ली विधानसभा चुनावों में पार्टी के प्रदर्शन की याद दिलाई और दोनों राज्यों में इसे दोहराने का संकल्प लिया। शाह ने कहा कि 2025 में, हमने दिल्ली में सफलतापूर्वक सरकार बनाई और 2026 में, हमारे नेतृत्व में नई सरकार देखने की बारी तमिलनाडु की होगी। उसी वर्ष, भाजपा और एनडीए पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु दोनों में सरकार बनाने के लिए तैयार हैं।
शाह ने तमिलनाडु में एमके स्टालिन के नेतृत्व वाली सत्तारूढ़ द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि कार्यकर्ता सम्मेलन डीएमके सरकार के पतन की शुरुआत होगी। शाह ने कहा, "यह कार्यकर्ता सम्मेलन डीएमके सरकार के पतन की शुरुआत होगी। 2026 में, भाजपा-एआईएडीएमके गठबंधन तमिलनाडु में एनडीए सरकार बनाने के लिए तैयार है। उन्होंने तमिलनाडु में एमके स्टालिन के नेतृत्व वाली सत्तारूढ़ द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) सरकार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि कार्यकर्ता सम्मेलन डीएमके सरकार के पतन की शुरुआत का प्रतीक होगा।
शाह ने कहा कि यह कार्यकर्ता सम्मेलन डीएमके सरकार के पतन की शुरुआत का प्रतीक होगा। 2026 में, भाजपा-एआईएडीएमके गठबंधन तमिलनाडु में एनडीए सरकार बनाने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि तमिलनाडु के मुख्यमंत्री का दावा है कि अमित शाह डीएमके को नहीं हरा सकते, लेकिन एक मायने में वह सही हैं। हालांकि, अमित शाह डीएमके को नहीं हराएंगे, बल्कि तमिलनाडु के लोग ही बदलाव लाएंगे। शाह ने आरोप लगाया कि डीएमके के "भ्रष्ट शासन" ने तमिलनाडु के गरीबों, महिलाओं और बच्चों को प्रभावित किया है।
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