सीबीआई के नए डायरेक्ट की नियुक्ति पर राहुल गांधी ने फंसाया पेंच, पीएम मोदी के प्रस्ताव पर...

Rahul Gandhi created a problem on the appointment of new CBI director, on PM Modi proposal

सीबीआई के नए डायरेक्ट की नियुक्ति पर राहुल गांधी ने फंसाया पेंच, पीएम मोदी के प्रस्ताव पर...

इंटरनेट डेस्क। पीएम मोदी के नेतृत्व में सोमवार को सीबीआई के नए डायरेक्ट की नियुक्ति को लेकर गठित समिति में बैठक हुई। इस बैठक में लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और सीजेआई संजीव खन्ना भी सम्मिलित हुए। खबर से संबंधित जो जानकारी मिली है उसके अनुसार राहुल गांधी केंद्र सरकार की ओर से रखे गए नाम के प्रस्ताव से संतुष्ट नहीं दिखे। इसके लिए उन्होंने डीसेंट नोट भी दिया है। बता दें कि केंद्र सरकार की ओर से मौजूदा समय में सीबीआई निदेशक प्रवीण सूद के कार्यकाल को ही आगे बढ़ने का प्रस्ताव दिया गया था जिसे लेकर राहुल गांधी सहमत नहीं हुए। 

तीन सदस्य की समिति करती है डायरेक्ट की नियुक्ति 

बता दे कि सीबीआई डायरेक्टर की नियुक्ति की प्रक्रिया इस तरह होती है कि तीन सदस्यों से बनी है कमेटी इस पर फैसला लेती है। इसमें प्रधानमंत्री के साथ लोकसभा में विपक्ष के नेता और भारत के चीफ जस्टिस शामिल होते हैं। आज की बैठक में केंद्र सरकार ने एक बार फिर से प्रवीण सूद की कार्यकाल को आगे बढ़ाने से संबंधित दस्तावेज पेश किये। बता दें कि प्रवीण पहले कर्नाटक की डीजीपी थे और उन्होंने 25 में 2023 को सीबीआई डायरेक्टर के पदभार  को स्वीकार किया था। आगामी 25 में को उनका कार्यकाल खत्म हो रहा है जिसके कारण इस बैठक का आयोजन किया गया था।

इस कारण फंसा है नियुक्ति पर पेंच

प्रवीण सूद की नियुक्ति पर पेज राहुल गांधी द्वारा फसाया गया है वह केंद्र सरकार के इस प्रस्ताव से सहमत नहीं है। बता दें इसके पहले सुप्रीम कोर्ट के निर्देश भी आए थे जिसमें कहा गया था कि यदि कोई सीनियर अधिकारी के रिटायरमेंट में 6 महीने से काम का समय बचा है तो उसकी नियुक्ति पर विचार नहीं किया जाना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने अभी कहा था कि सीबीआई निदेशक के लिए कार्यकाल कम से कम 2 साल का बचा होना चाहिए।

PC : Thefederal