सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लिए खुशखबरी: वेतनवृद्धि और पेंशन संशोधन के लिए संशोधित आदेश जारी

मध्यप्रदेश सरकार के वित्त विभाग ने 18 नवंबर 2024 को जारी परिपत्र के तहत सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारियों के वेतनवृद्धि और पेंशन संशोधन हेतु संशोधित दिशा-निर्देश घोषित किए हैं। यह आदेश विशेष रूप से उन कर्मचारियों पर लागू होगा जो 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त हुए हैं। आइए इस पर विस्तार से जानकारी लेते हैं।

सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लिए खुशखबरी: वेतनवृद्धि और पेंशन संशोधन के लिए संशोधित आदेश जारी

मध्यप्रदेश सरकार के वित्त विभाग ने 18 नवंबर 2024 को जारी परिपत्र के तहत सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारियों के वेतनवृद्धि और पेंशन संशोधन हेतु संशोधित दिशा-निर्देश घोषित किए हैं। यह आदेश विशेष रूप से उन कर्मचारियों पर लागू होगा जो 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त हुए हैं। आइए इस पर विस्तार से जानकारी लेते हैं।

वेतनवृद्धि के संशोधित दिशा-निर्देश:

  1. काल्पनिक वार्षिक वेतनवृद्धि:

    • 30 जून को सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों को 1 जुलाई की स्थिति में और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त कर्मचारियों को 1 जनवरी की स्थिति में काल्पनिक वेतनवृद्धि स्वीकृत होगी।
    • यह स्वीकृति केवल पेंशन निर्धारण और पुनरीक्षण के लिए मान्य होगी।
  2. अन्य लाभों पर कोई प्रभाव नहीं:

    • इस वेतनवृद्धि का प्रभाव केवल पेंशन पर होगा।
    • ग्रेच्युटी और अवकाश नगदीकरण जैसी अन्य सेवानिवृत्ति सुविधाओं में बदलाव नहीं किया जाएगा।

बढ़ी हुई पेंशन का लाभ:

  • काल्पनिक वेतनवृद्धि के आधार पर बढ़ी हुई पेंशन का लाभ 1 मई 2023 से प्रभावी होगा।
  • 30 अप्रैल 2023 से पहले की अवधि के लिए कोई अतिरिक्त पेंशन भुगतान नहीं होगा।

न्यायालयीन मामलों का समाधान:

  • जिन कर्मचारियों ने न्यायालय में याचिकाएं दायर की थीं और सफलता प्राप्त की है, उनके मामले पूर्व न्यायालयीन निर्णयों के अनुसार निपटाए जाएंगे।
  • यह आदेश सर्वोच्च न्यायालय में विचाराधीन याचिकाओं के निर्णयों के अधीन होगा।

कार्यालयों के लिए निर्देश:

  • सभी अधीनस्थ कार्यालयों को इस परिपत्र के अनुरूप कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

प्रभावित कर्मचारियों के लिए लाभ:

  • इस निर्णय से उन सरकारी कर्मचारियों को लाभ मिलेगा जो 30 जून या 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होते हैं और जिनकी वार्षिक वेतनवृद्धि उनकी सेवा अवधि में शामिल नहीं हो पाती थी।