झारखंड उच्च न्यायालय ने सरकारी अस्पतालों में कार्यरत वेटनरी डॉक्टरों की रिटायरमेंट उम्र को 60 से बढ़ाकर 65 वर्ष करने का आदेश दिया है। यह फैसला एलोपैथिक डॉक्टरों के समान सेवा लाभ प्रदान करने और कर्मचारियों के अधिकार सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लिया गया।
उच्च न्यायालय ने अपने फैसले में कहा कि राज्य सरकार को केंद्र सरकार के छठे वेतन आयोग की सिफारिशों का पालन करते हुए वेटनरी डॉक्टरों को डीएसीपी (डायनामिक एश्योर्ड कैरियर प्रोग्रेशन) और 65 वर्ष की सेवानिवृत्ति उम्र का लाभ देना होगा। इससे वेटनरी और एलोपैथिक डॉक्टरों के बीच सेवा शर्तों में समानता आएगी।
अदालत ने झारखंड सरकार को इस आदेश का पालन सुनिश्चित करने के लिए 16 सप्ताह का समय दिया है। राज्य सरकार को आदेश के अनुसार नियम और प्रावधान तैयार करने होंगे।
यह निर्णय वेटनरी डॉक्टरों के लिए एक महत्वपूर्ण राहत के रूप में आया है। अब वे केंद्र सरकार के कर्मचारियों के समान सेवा लाभ प्राप्त कर सकेंगे।