इंटरनेट डेस्क। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को ब्रिटेन के प्रधानमंत्री स्टारमर के साथ बातचीत के बाद कहा कि भारत और यूनाइटेड किंगडम ने एक महत्वाकांक्षी और पारस्परिक रूप से लाभकारी मुक्त व्यापार समझौता किया है, जो द्विपक्षीय व्यापक रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करेगा। इसके साथ ही व्यापार और निवेश को उत्प्रेरित करेगा। बता दें कि यह डील पीएम मोदी और पूर्व ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन द्वारा अक्टूबर 2022 तक एफटीए को पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित करने के तीन साल बाद अंतिम रूप दिया गया था। तब से, शराब और ऑटोमोबाइल पर टैरिफ और यूके में राजनीतिक उथल-पुथल सहित कई मुद्दों पर मतभेदों के कारण वार्ता प्रभावित हुई थी।
पीएम मोदी ने इस डील को करने के बाद कहा कि मैं अपने मित्र प्रधानमंत्री @Keir_Starmer से बात करके बहुत खुश हूं। एक ऐतिहासिक उपलब्धि के रूप में, भारत और ब्रिटेन ने एक महत्वाकांक्षी और पारस्परिक रूप से लाभकारी मुक्त व्यापार समझौते के साथ-साथ एक दोहरे योगदान सम्मेलन को सफलतापूर्वक संपन्न किया है। ये ऐतिहासिक समझौते हमारी व्यापक रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करेंगे, तथा हमारी दोनों अर्थव्यवस्थाओं में व्यापार, निवेश, विकास, रोजगार सृजन और नवाचार को उत्प्रेरित करेंगे। मैं जल्द ही भारत में पीएम स्टारमर का स्वागत करने के लिए उत्सुक हूं।
दोनों नेताओं ने इस विकास को एक ऐतिहासिक मील का पत्थर बताया जो दोनों अर्थव्यवस्थाओं में व्यापार, निवेश, नवाचार और रोजगार सृजन को बढ़ावा देगा। भारतीय पक्ष की ओर से जारी बयान के अनुसार, वे इस बात पर सहमत हुए कि दो बड़ी और खुली बाजार अर्थव्यवस्थाओं के बीच समझौते व्यवसायों के लिए नए अवसर खोलेंगे, आर्थिक संबंधों को मजबूत करेंगे और लोगों के बीच संबंधों को गहरा करेंगे। स्टारमर ने कहा कि दुनिया भर की अर्थव्यवस्थाओं के साथ गठबंधन को मजबूत करना और व्यापार बाधाओं को कम करना एक मजबूत और अधिक सुरक्षित अर्थव्यवस्था देने के लिए यूके की परिवर्तन की योजना का हिस्सा है। मंगलवार की शाम तक दोनों पक्षों द्वारा औपचारिक घोषणाओं के रूप में व्यापार समझौते के बारे में और अधिक जानकारी मिलने की उम्मीद है।
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