पहलगाम हमले के बाद मोदी सरकार का बड़ा एक्शन, 15 पाकिस्तानी यूट्यूब चैनल ब्लॉक

मोदी सरकार का यह कदम साफ संदेश देता है कि देश की सुरक्षा और अखंडता के खिलाफ किसी भी तरह की साजिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, चाहे वह देश के अंदर से हो या बाहर से।

पहलगाम हमले के बाद मोदी सरकार का बड़ा एक्शन, 15 पाकिस्तानी यूट्यूब चैनल ब्लॉक

पहलगाम में हाल ही में हुए आतंकवादी हमले के बाद केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाते हुए 15 पाकिस्तानी यूट्यूब चैनलों को भारत में ब्लॉक कर दिया है। यह फैसला गृह मंत्रालय की सिफारिश पर लिया गया है और इसका मकसद देश की राष्ट्रीय सुरक्षा और सामाजिक सौहार्द्र की रक्षा करना है।

अधिकारियों के अनुसार, इन चैनलों पर भारत के खिलाफ भड़काऊ, सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील और झूठी सूचनाएं प्रसारित करने के गंभीर आरोप थे। सरकार ने इसे देश की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम बताया है।

किन यूट्यूब चैनलों को ब्लॉक किया गया है

ब्लॉक किए गए यूट्यूब चैनलों में पाकिस्तान के कई प्रमुख चैनल शामिल हैं:

  • डॉन न्यूज

  • इरशाद भट्टी

  • समा टीवी

  • एआरवाई न्यूज

  • बोल न्यूज

  • रफ्तार

  • द पाकिस्तान रेफरेंस

  • जियो न्यूज

  • समा स्पोर्ट्स

  • जीएनएन

  • उजैर क्रिकेट

  • उमर चीमा एक्सक्लूसिव

  • अस्मा शिराजी

  • मुनीब फारूक

  • सुनो न्यूज

  • राजी नामा

इन चैनलों पर झूठी खबरें फैलाने और भारत विरोधी माहौल बनाने का आरोप है, खासतौर पर पहलगाम हमले के बाद।

ब्लॉकिंग का कारण

22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई थी, जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे। इस घटना के बाद देश में संवेदनशील माहौल बन गया था। ऐसे में गृह मंत्रालय ने उन चैनलों की पहचान की जो भारत में अफवाह फैलाने और जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहे थे।

सरकार ने बताया कि इन चैनलों के जरिए भारत की सेना और सुरक्षा एजेंसियों की छवि को नुकसान पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे थे। इसी को देखते हुए उन्हें ब्लॉक करने का फैसला लिया गया ताकि देश की एकता और अखंडता को कोई ठेस न पहुंचे।

बीबीसी को भी भेजा गया पत्र

इसके साथ ही, सरकार ने बीबीसी को भी एक औपचारिक पत्र भेजा है। इसमें बीबीसी की उस रिपोर्ट पर आपत्ति जताई गई है जिसमें पहलगाम के हमलावरों को ‘चरमपंथी’ कहा गया था। भारत ने इस पर कड़ा विरोध जताते हुए इसे आतंकवाद को हल्के में दिखाने वाला बताया है।

सरकार का सख्त संदेश

मोदी सरकार का यह कदम साफ संदेश देता है कि देश की सुरक्षा और अखंडता के खिलाफ किसी भी तरह की साजिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, चाहे वह देश के अंदर से हो या बाहर से।